बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने प्रचंड बहुमत हासिल कर एक बार फिर से राज्य में अपनी सरकार बनाने का मार्ग प्रशस्त किया है। इस ऐतिहासिक जनादेश के बाद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (BJP) मुख्यालय से आमजन और कार्यकर्ताओं को संबोधित किया, जहाँ उन्होंने इस जीत को ‘विकास’ और ‘सुशासन’ की विजय बताया।
गर्दा उड़ा दिया! – पीएम मोदी का संबोधन
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन की शुरुआत ‘छठी मईया की जय’ के उद्घोष के साथ की। उन्होंने बिहार की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि बिहार के लोगों ने ‘गर्दा उड़ा दिया’ है, यानी एक जबरदस्त फैसला सुनाया है। उन्होंने कहा कि इस जनादेश ने आज बिहार के घर-घर में ‘मखाने की खीर’ बनाना पक्का कर दिया है, जो जीत के बाद खुशी और समृद्धि का प्रतीक है।
प्रधानमंत्री ने इस जीत को ‘वंशवाद के विरुद्ध विकास-प्रधान राजनीति की विजय’ घोषित किया। उन्होंने कहा कि यह जीत उन लाखों बहनों, बेटियों और माताओं की है, जिन्होंने पिछली सरकारों के दौरान ‘जंगलराज का आतंक’ झेला था और अब सुशासन पर भरोसा जताया है। उन्होंने मतदाताओं के अटूट विश्वास को प्रणाम करते हुए कहा कि “हम एनडीए के लोग जनता जनार्दन के सेवक हैं” और उन्होंने अपनी मेहनत से जनता का दिल जीत लिया है, इसलिए फिर एक बार एनडीए सरकार बनी है।

स्वर्णिम यात्रा और जंगलराज पर वार
प्रधानमंत्री मोदी ने बिहार के भविष्य के लिए एक बड़ा दृष्टिकोण सामने रखा। उन्होंने कहा कि नई सरकार के साथ एनडीए अब बिहार में 25 वर्षों की स्वर्णिम यात्रा की ओर आगे बढ़ रहा है। यह जनादेश यह सुनिश्चित करता है कि बिहार की महान भूमि पर जंगलराज की वापसी कभी नहीं होगी। यह फैसला विकास, जनकल्याण और सामाजिक न्याय की भावना की जीत है।
उन्होंने विपक्ष, विशेष रूप से राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जमानत पर चल रहे लोगों को जनता ने नकार दिया है और अब देश की जनता तुष्टिकरण की राजनीति की जगह सार्वभौमिक संतुष्टि (संतुष्टिकरण) चाहती है। उन्होंने दावा किया कि यह जीत न केवल बिहार, बल्कि देश भर में विकास के एजेंडे वाली राजनीति को मजबूत करेगी
रिकॉर्ड तोड़ मतदान और एनडीए की रणनीति
चुनाव आयोग द्वारा जारी अंतिम आँकड़ों के अनुसार, NDA ने कुल 243 सीटों में से 204 सीटों पर स्पष्ट और प्रचंड बहुमत हासिल किया है, जिसमें BJP सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। प्रधानमंत्री ने रिकॉर्ड तोड़ मतदान के लिए बिहार के नागरिकों की सराहना की। उन्होंने याद दिलाया कि एक समय था जब बिहार में ‘मतपेटियाँ लूट ली जाती थीं’, लेकिन आज यहाँ लोकतंत्र का महापर्व सफलतापूर्वक मनाया गया है।
एनडीए के घटक दलों – जनता दल यूनाइटेड (JDU), भारतीय जनता पार्टी (BJP), लोक जनशक्ति पार्टी (LJP-RV) और हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) के नेताओं ने भी इस जीत को प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व और नीतीश कुमार के सुशासन पर जनता की मुहर बताया।
यह ऐतिहासिक जनादेश बिहार की राजनीति में एक निर्णायक बदलाव को दर्शाता है, जहाँ अब जातिवाद और भ्रष्टाचार को दरकिनार करते हुए जनता ने सुशासन, विकास और महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी है।
