राजस्थान के दौसा जिले के बांदीकुई कस्बे में 12वीं कक्षा के एक छात्र द्वारा आत्महत्या किए जाने का एक हृदय विदारक मामला सामने आया है। छात्र ने एक खाली पड़े मकान में फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है, वहीं छात्र के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
सुसाइड नोट में लगाए गए गंभीर आरोप
आत्महत्या की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस को तलाशी के दौरान मृतक छात्र के स्कूल बैग से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसने मामले को एक नया मोड़ दे दिया है। सुसाइड नोट में छात्र ने उसे चोरी के एक झूठे मामले में फंसाने का गंभीर आरोप लगाया है। छात्र ने लिखा है कि इस झूठे आरोप के चलते आत्महत्या कर रहा हूँ।
मौके पर पहुंची पुलिस टीम
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और छात्र के शव को फंदे से नीचे उतरवाया। शव को तुरंत कब्जे में लेकर स्थानीय सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया, जहां उसका पोस्टमार्टम किया जाएगा। पुलिस ने छात्र के माता-पिता और परिजनों को भी घटना की सूचना दी, जो खबर सुनते ही मौके पर पहुंच गए।
परिजनों ने की निष्पक्ष जांच की मांग
मृतक छात्र के परिजनों ने पुलिस से तत्काल और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने शुरू की गहन जांच
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने सबसे पहले सुसाइड नोट को जब्त कर लिया है और इसकी हैंडराइटिंग की पुष्टि करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस अब उन लोगों की पहचान कर रही है, जिनके नाम या जिनकी ओर इशारा सुसाइड नोट में किया गया है। पुलिस का कहना है कि हर पहलू की गहन जांच की जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पिता पप्पू योगी ने कहा- जो सुसाइड नोट मिला है, वह मेरे बेटे महेश ने नहीं लिखा। सुसाइड नोट महेश की हत्या करने वाले ने लिखा है। उसको मारकर फंदे से लटकाया गया है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।